सेक्स पॉवर बढ़ाने के घरेलू उपाय

Ayurvedic Treatment For Sexual Weakness In Hindi.

बेहतर सेक्स लाइफ के लिए घरेलू नुस्खेAyurvedic Treatment For Sexual Weakness In Hindi.

वैवाहिक जीवन को कामयाब बनाने में अन्य जरुरी बातों के अलावा सेक्स लाइफ भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है | इसलिए पति-पत्नी के बीच अच्छे सेक्सुअल रिलेशन का होना काफी मायने रखता है | कपल्स घरेलू नुस्खों द्वारा किस तरह अपनी सेक्स लाइफ को सुखद और बेहतर बना सकते हैं, आइए जानते हैं |

1. 2-4 सूखे अंजीर सुबह-शाम दूध में पकाकर खाएं और ऊपर से दूध पीएं | इसके सेवन से शरीर में नई शक्ति आती है |

2. 7-7 ग्राम अश्वगंधा चूर्ण, मिश्री और शहद लेकर इसमें 15 ग्राम गाय का घी मिलाकर प्रतिदिन सुबह-शाम सेवन करने से शारीरिक शक्ति बढ़ती है |

3. 50 ग्राम उड़द या उड़द की दाल को पानी में भिगोकर छिलका निकाल दें | फिर इसे घी में भूनकर दूध, शक्कर, बादाम, मुनक्का आदि डालकर खीर बनाकर खाएं | इसका नियमित सेवन करने से सेक्सुअल पावर बढ़ता है |

4. 10-10 ग्राम शहद, अदरक का रस व प्याज़ का रस और 5 ग्राम घी- सबको एक साथ मिलाकर सेवन करने से सेक्सुअल पावर बढ़ता है | इस नुस्खे का इस्तेमाल नियमित रूप से 21 दिन तक सुबह के समय करना चाहिए |

5. 15 ग्राम काला तिल और 10 ग्राम गोखरू चूर्ण दूध में पकाकर पीने से यौन दुर्बलता दूर होती है |

6. सेक्स में कमज़ोरी महसूस होने पर पेठे के बीज की गिरी को पीसकर आटा बना लें | फिर 5 ग्राम आटे को दूध में मिलाकर सुबह सेवन करें या फिर पेठे की बनी हुई मिठाई भोजन के बाद दोनों समय खाने से यौनशक्ति की वृद्धि होती है |

7. सेक्स पावर बढ़ाने के लिए 100 मि.ली. पेठे के रस में शक्कर मिलाकर सुबह-शाम पीना चाहिए |

8. 100 ग्राम हल्की भुनी अलसी, 50-50 ग्राम सफ़ेद मुसली, सोंठ व अश्वगंधा लेकर बारीक चूर्ण बना लें | 10-10  ग्राम की मात्रा में सुबह-शाम इसका दूध के साथ सेवन करें | इससे वीर्य की वृद्धि व शारीरिक शक्ति बढ़ती है | 100 ग्राम अलसी चूर्ण, 50 ग्राम अश्वगंधा और 100 ग्राम मिश्री चूर्ण लेकर किसी एयरटाइट डिब्बे में रख दें | 10-15 ग्राम की मात्रा में सुबह-शाम दूध या पानी अथवा चाय के साथ इसका सेवन करें | यह मिश्रण यौनशक्तिवर्द्धक और दुर्बलतानाशक है |

9. 25 ग्राम सिंघाड़े का आटा, 15 ग्राम घी, 50 ग्राम शक्कर और 250 ग्राम दूध लेकर हलवा बनाकर खाने से सेक्स पावर में चमत्कारिक रूप से वृद्धि होती है |

10. अलसी चूर्ण व मिश्री चूर्ण बराबर मात्रा में लेकर एक साथ मिलाकर रख लें | 5 ग्राम की मात्रा में इसे घी में मिलाकर सुबह-शाम सेवन करें | इसके सेवन से वीर्य में वृद्धि होती है |

11. छिलकारहित उड़द की दाल का आटा 20 ग्राम लेकर दूध में डालकर पकाएं | फिर इसमें शक्कर व थोड़ा-सा घी मिलाकर गुनगुना पीएं | इससे धातुस्राव का शमन होता है |

12. उड़द की दाल को भिगोकर पीस लें | फिर इसे दही के साथ गंधकर वड़े बनाकर तेल में तलकर खाएं | इससे सेक्स से जुड़ी कमज़ोरी दूर होती है |

13. 5 ग्राम प्याज़ का रस, 2 ग्राम घी और 3 ग्राम शहद मिलाकर सुबह-शाम सेवन करें | इससे कामशक्ति की वृद्धि होती है | इस मिश्रण का इस्तेमाल कम से कम 5 दिनों तक करना चाहिए |

14. कामशक्ति का ह्रास होने पर काले तिल और गुड़ का लड्डू बनाकर नियमित सेवन करने से पुरुषत्व की प्राप्ति होती है |

15. 100-100 ग्राम उड़द व गेहूं का आटा और पिप्पली चूर्ण लेकर उसमें 600 ग्राम शक्कर की चाशनी और सूखे मेवे मिलाकर लड्डू बनाएं | इसे 30-40 ग्राम की मात्रा में हर रोज़ रात को सोने से पहले खाकर ऊपर से दूध पीएं | इसके सेवन से सेक्स संबंधी सभी शिकायतें दूर हो जाती हैं और शारीरिक शक्ति में बढ़ोतरी होती है |

16. प्याज़ को सलाद, सब्ज़ी या अन्य व्यंजन के रूप में सेवन करने से सेक्स की कमज़ोरी और महिलाओं की माहवारी की अनियमितता दूर होती है |

17. पेठे का मुरब्बा बनाकर सुबह-शाम सेवन करने से कामशक्ति बढ़ती है या फिर पेठे के बीज का चूर्ण बनाकर 3-5 ग्राम की मात्रा में सेवन करने से भी लाभ होता है |

18. सेक्स संबंधी सभी विकारों के लिए सिंघाड़े का सेवन रामबाण औषधि है | 5-10 ग्राम सिंघाड़े के आटे को दूध में पकाकर सुबह-शाम सेवन करने से सेक्सुअल प्राब्लम्स दूर होती है | इसका नियमित सेवन सेक्स टॉनिक का काम करता है |

19. 125-125 ग्राम सिंघाड़े का आटा, चीनिया गोंद व बबूल गोंद, 500 ग्राम शक्कर और 250 ग्राम घी लें | पहले दोनों गोंदों को भूनकर चूर्ण बना लें | फिर अन्य सभी सामग्री को मिलाकर रख लें | इसके बाद शक्कर की चाशनी बनाकर उसमें सभी सामग्री को डालकर पाक तैयार करके रख लें | इसे 25-30 ग्राम की मात्रा में हर रोज दूध के साथ सेवन करने से शीघ्रपतन की शिकायत दूर हो जाती है |

20. यह महिलाओं की सेक्सुअल डिसीज में भी लाभकारी है | गर्भाशय की कमजोरी, बार-बार गर्भस्राव होना, प्रदर रोग में सिंघाड़े के आटे का हलवा बनाकर सेवन करना या सिंघाड़े के आटे की रोटी बनाकर खाना लाभकारी होता है |

21. सेक्सुअल पावर को बढ़ाने के लिए कौंचबीज चूर्ण, सफ़ेद मूसली, तालमखाना, अश्वगंधा चूर्ण को बराबर मात्रा में लेकर 10-10 ग्राम की मात्रा में ठंडे दूध से सेवन करें |

22. 5 ग्राम सुपारी का चूर्ण घी के साथ मिलाकर खाएं और ऊपर से गाय या बकरी का दूध पीएं | इससे यौन विकार दूर होता है |

23. डेढ़ ग्राम जल केशर का चूर्ण और डेढ़ ग्राम अशोक की छाल का चूर्ण लेकर दोनों को मिलाकर सुबह-शाम मक्खन व मिश्री के साथ सेवन करें | इससे सेक्सुअल रिलेशन में होने वाले दर्द से छुटकारा मिलता है |

24. रक्ताल्पता के कारण शरीर में कमजोरी हो या यौन दुर्बलता महसूस करते हों, तो एक कप गाजर का रस, आधा कप चुकंदर का रस और आधा कप सेब का रस | सभी को मिलाकर दिन में तीन बार लें | इससे आपकी सारी शिकायतें दूर हो जाएंगी | इसका सेवन नियमित रूप से कम से कम 21 दिन करें |

सेक्स बूस्टर रेसिपीज

25 ग्राम गेंहूं, 20 ग्राम खसखस, 10-10 ग्राम बादाम गिरी, काजू व कद्दूकस नारियल, आधा लीटर दूध, 200 ग्राम शक्कर, 2 ग्राम दालचीनी, लौंग व इलायची आवश्यकतानुसार |

गेंहूं व खसखस को अलग-अलग भिगोकर बारीक़ पीस लें | पिसे हुए गेंहूं में एक ग्लास पानी मिलाकर पतला घोल बना लें | इसके बाद कड़ाही में घी गर्म करके लौंग, दालचीनी, (दोनों का मोटा चूर्ण), इलायची (छिलका निकालकर) डालकर थोड़ा भून लें | फिर पिसी हुई खसखस को एक मिनट तक भुनें | फिर इसमें गेंहूं का घोल व दूध डाल दें | जब घोल आधा रह जाय, तो शक्कर मिला दें | इसे सुबह नाश्ते में लें | यह स्वादिष्ट, पौष्टिक और स्वस्थ्यवर्धक है |

करीब 25 ग्राम जौ रत को भिगो दें | सुबह एक लीटर दूध कड़ाही में उबालें | जब दूध अच्छी तरह उबल जाए, तो भीगे हुए जौ (पहले उसे अच्छी तरह हाथ से मलकर भुन्सी निकल दें) और जौ का पानी दूध में डाल दें | जब दूध एक चौथाई रह जाए, तो उसमें स्वादानुसार शक्कर डाल दें | यदि इसे अधिक स्वादिष्ट बनाना चाहें, तो इसमें बादाम, इलायची आदि भी डाल सकते हैं |

यह खीर खाने के बाद आधा घंटे तक पानी न पिएं | इस खीर का नियमित एक महीने तक सेवन करने से सेक्सुअल पावर बढ़ने के साथ मानसिक शक्ति का भी विकास होता है |

महिलाओं के लिए

महिलाओं को रक्त की कमी, प्रदर रोग, अत्यधिक मासिक स्राव में पेठे का साग घी में भूनकर सुबह-शाम खाना चाहिए | या फिर पेठे के रस में शक्कर मिलाकर आधा-आधा कप पीना चाहिए |

यह महिलाओं के यौन रोगों में भी लाभकारी है | गर्भाशय की कमजोरी बार-बार गर्भ स्राव होना, प्रदर रोग में सिंघाड़े के आटे का हलवा बनाकर सेवन करना अथवा सिंघाड़े के आटे की रोटी बनाकर खाना लाभकारी होता है |

यदि महिलाएं सुबह एक-दो मुट्ठी काले तिल का सेवन करें, तो उनकी माहवारी संबंधी गड़बड़ी दूर हो जाती है और त्वचा भी सुंदर और स्वस्थ बनती है |

50 ग्राम गुलकंद और 20 ग्राम सौंफ चबाकर खाएं और ऊपर से एक ग्लास दूध नियमित रूप से पीएं | इससे बांझपन की शिकायत दूर होती है |

5 ग्राम की मात्रा में त्रिफलाघृत सुबह-शाम सेवन करने से गर्भाशय की शुद्धि होती है, जिससे स्त्री गर्भधारण करने योग्य हो जाती है |

 

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